Time Management समय प्रबंधन

 Time Management (समय प्रबंधन )





"समय प्रबंधन (Time Management) मतलब - समय को ठीक से बाँटना और उसका सही उपयोग करना। 

समय हर किसी के जीवन का सबसे कीमती धन है। इसे न तो ख़रीदा जा सकता है और न ही वापस पाया जा सकता है। समय जीवन की सबसे बहुमूल्य संपदा है। यह ऐसा धन है जो एक बार बीत जाने पर वापस नहीं आता। जो व्यक्ति समय का सदुपयोग करना जानता है, वही जीवन में सफलता प्राप्त करता है। समय का सही नियोजन और उपयोग ही समय प्रबंधन कहलाता है।

समय प्रबंधन का अर्थ है—अपने कार्यों को प्राथमिकता के अनुसार व्यवस्थित करना, उचित समय पर पूरा करना और समय की बर्बादी से बचना। इसका उद्देश्य कम समय में अधिक और बेहतर कार्य करना है।


समय का महत्व

समय सभी के लिए समान होता है—अमीर हो या गरीब, छात्र हो या शिक्षक। लेकिन समय का उपयोग सभी समान रूप से नहीं करते। जो व्यक्ति समय की कद्र करता है, वह अपने लक्ष्य समय पर प्राप्त कर लेता है। इतिहास गवाह है कि महापुरुषों ने अपने समय का सही उपयोग कर असाधारण उपलब्धियाँ हासिल कीं


समय प्रबंधन क्यों जरूरी है :-
समय का सही उपयोग हमारे जीवन को अनुशासित,सफल और शांतिपूर्ण बनता है। अगर हम समय पर पढ़ाई करें, खेले,आराम करें और अपने काम पूरे करें, तो हम हर क्षेत्र में आगे बढ़ सकते है।  समय की  बर्बादी से न केवल हमारा काम अधूरा रह जाता है, बल्कि मन में तनाव भी बढ़ता है। आज का जीवन अत्यंत व्यस्त और प्रतिस्पर्धात्मक है। विद्यार्थियों को पढ़ाई, खेल, परिवार और विश्राम के बीच संतुलन बनाना पड़ता है। नौकरीपेशा लोगों को कार्य, परिवार और समाज के लिए समय निकालना होता है। ऐसे में समय प्रबंधन जीवन को तनावमुक्त और व्यवस्थित बनाता है।


समय प्रबंधन के लाभ
  1. कार्य समय पर पूरे होते हैं।

  2. तनाव और चिंता कम होती है।

  3. आत्मविश्वास बढ़ता है।

  4. लक्ष्य प्राप्ति आसान होती है।

  5. जीवन में अनुशासन आता है।



 कब करें समय प्रबंधन :-
समय प्रबंधन आज और अभी करें। क्येंकि समय प्रबंधन जीवन के हर चरण में जरुरी होता है। बचपन के छात्र जीवन से लेकर कामकाजी और परिवारिक जीवन तक।  बच्चों के लिए समय प्रबंधन बहुत जरूरी होता है। स्कूल, होमवर्क, खेल, टीवी और नींद - सबका संतुलन जरूरी है। अगर बच्चें एक टाइम टेबल बना कर उसका पालन करें, तो उनका हर दिन अच्छा और उत्पादक बन सकता है। अतः हर दिन की सुबह एक मौका और हर मिनट एक अवसर होता है। 



 कैसे करें समय प्रबंधन :-
लक्ष्य तय करें और काम की शुरआत करने से पहले उसको क्रमवार तरिके से सजाएं। एक टाइम टेबल या To-Do -List बनाएं और प्रत्येक कार्य के लिए पहले से समय निर्धारित कर कठिन काम को पहले करें। ध्यान भटकाने वाली चीजों (जैसे :- मोबाइल, टीवी, सोशल मीडिया आदि ) से बचें और समय पर कार्य की समीक्षा करें। समय प्रबंधन कोई जादू नहीं बल्कि आदत है -जिसे हर कोई सिख सकता है।  समय प्रबंधन से व्यक्ति जिम्मदार बनता है। ऑफिस, व्यपार या किसी भी कार्यक्षेत्र में समय का पालन करने वाले व्यक्ति को सभी पसंद करते है। यह आदत समाज में सम्मान दिलाती है। 

समय प्रबंधन के उपाय

दैनिक समय-सारणी बनाना
कार्यों को प्राथमिकता देना
आलस्य और टालमटोल से बचना
अनावश्यक कार्यों में समय न गँवाना
विश्राम और मनोरंजन के लिए भी समय निर्धारित करना



निष्कर्ष :-
समय एक बार चला जाय तो कभी, किसी भी कीमत पर  लौटकर नहीं आता।  अतः समय का मूल्य और हर पल का सही उपयोग किया जाना चाहिए। "जो समय की कद्र करता है, समय भी उसकी कद्र करता है।"  समय को जीतनेवाल जीवन को भी जीतता है। अतः हर दिन की शुरआत समय के सम्मान से करें। हमें यह समझना चाहिए कि समय नहीं बदलता, बल्कि समय के साथ हमें स्वयं को बदलना होता है।


नोट :- यह ब्लॉग बच्चों को स्टडी में स्पोर्ट करता है। इसी प्रकार के ज्ञानवर्धक पोस्ट्स के लिए इस ब्लॉग के मेनू बार में पोस्ट ड्राप डाउन विकल्प को चुनें। 

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